मैं से ध्यान हटाकर
मैं इस धरती पर पैदा क्यों हुई मैं क्या अन्य भी हो रहे हैं मैं बीमार क्यों हुई मेरा स्वास्थ्य क्यों गिरा मैं अस्पताल में...
मैं इस धरती पर पैदा क्यों हुई मैं क्या अन्य भी हो रहे हैं मैं बीमार क्यों हुई मेरा स्वास्थ्य क्यों गिरा मैं अस्पताल में...
आज चलो सब कुछ भूल जायें और एक महकते मौसम से ही खुश हो जायें।
अग्नि शांत रहे एक स्थान पर स्थिर खड़ी रहे हवा के संपर्क में न आये तो बड़े काम की यह जो गर बिगड़ जाये अपना...
मन से फूट रहा एक झरना भावों का किसी भाषा के रूप में अभिव्यक्त हो रहा एक कविता का रूप ले रहा यह झरना बहता...
तुम कितनी प्रसन्न दिख रही हो तन दमक रहा तुम्हारा एक सोने के आभूषण सा मन का दर्पण चमक रहा एक हीरे के लश्कारे सा...
रास्ता चाहे लंबा हो, पथ बेशक पथरीला हो, ऐ साहसी योद्धा! तुम एक-एक कदम उठाते चलो और अपनी मंजिल को पाते चलो।
पिंजरा बना हो सोने का, चांदी का या किसी सामान्य धातु का पिंजरा तो पिंजरा होता है बंद कर दो उसमें किसी पंछी को उसकी...
सुनो मेरे शहर की सड़क आज तुम मुझे अपनी बगल से ही सटे किसी गांव की सड़क पर ले चलो चलो हम दोनों एक बैलगाड़ी...
मैं फिर कहूंगी बार बार कहूंगी इस बात को मरते दम तक दोहराती रहूंगी कि मां बाप के जैसा इस संसार में कोई दूसरा नहीं...
दिल की किताब खाली है और इसकी कलम में स्याही लबालब भरी हुई कितना कुछ लिखती रहती हूं मैं इस किताब के पन्नों पर लेकिन...
राम का संग तन मन भीगो दे सुख शांति दे।
छोड़ रही हूं मैं उन लोगों को जो मेरे दिल को नहीं छूते जिन्होंने मेरा पूरा जीवन ले लिया और अपने जीवन में से एक...