कोई बताये कि मैं इश्क किससे करूं
कोई बताये किमैं इश्क किससे करूंमेरे पास कोई इंसान नहीं हैकोई इंसान है तोउसमें इंसानियत नहीं हैमेरे दिल कादिमाग काआत्मा काजज्बातों कामानसिक स्थिति काबौद्धिक स्तर...
कोई बताये किमैं इश्क किससे करूंमेरे पास कोई इंसान नहीं हैकोई इंसान है तोउसमें इंसानियत नहीं हैमेरे दिल कादिमाग काआत्मा काजज्बातों कामानसिक स्थिति काबौद्धिक स्तर...
मेरे व्यक्तित्व परमेरे पिता की एक बहुत ही गहरी छाप हैजब से मैंने होश संभालामैंने उनकी हर कहीं बात कोबहुत ही ध्यानपूर्वक सुना औरआंख मूंदकर...
दिन जो निकलता हैउजाला चारों तरफ फैलता हैदिल में एक आशा का कंवल भीखिलता हैकल की निराशा कोएक कल के ही सांझ केढलते हुए सूरज...
आज का दिनबहुत गर्म थामुझे लगा जैसे किमैं एक जलते हुए लालसूरज के अंगारे की अंगीठी केऊपर बैठी हूंसूरज की गर्मी थोड़ी सी पिघल जाये...
ताजमहलकी सुंदरताहर किसी को आकर्षित करती हैतभी तो दुनिया के हर कोने सेलोग इसके दीदार करने आते हैं 'ताजमहल'इस नाम को सोचने भर सेजेहन में...
कुछ नहीं मिलता होगा तोक्या खुदा मिलता होगादिल जब हो जाता होगामोहब्बत के जज्बात से खालीइश्क का एक नूरानीरोशनी भर जहां फिर किसी को कभी...
जिंदगी का हर दिनएक नया आरंभ होता है जोएक नया अवसर भी प्रदान करता है उपहार मेंकहीं कोई अंत है ही कहांकिसी जीवन का अंत...
दर्पण नहींदिल टूट जाता हैअक्सर मेरा।
तोड़ देते होंगेलोग किसी दर्पण कोजब क्रोधित होते होंगेमैं तो अपने दर्पण कोतोड़ने की भूल पर कभी नहींकरूंगीएक यही तो है जोमुझे मेरी सच्चाई से...
मैंने अपने घर के कमरे केएक कोने में सजाएक सदियों पुरानाएकमात्र दर्पण को आज तोड़ दियाउसमें झांकती थी तोदिखता थाअपने जैसा ही दूसरा कोईआज उस...
मैंनै जब तोड़ाअपने अहंकार का दर्पणतब कहीं जाकर दिखातुम्हारे नयनों के दर्पण मेंमुझे अपना फूल सा मुस्कुराता चेहराएक लंबे अरसे बादक्रोधित होकरहम उम्र भर न...
एक सप्ताह में सात दिन होते हैंसप्ताह का पहला दिन सोमवार होता है औरसातवां या आखिरी रविवारमेरे लिए हर दिन एक सा ही होता हैयह...