पूर्ण विराम तो जीवन खत्म होने पर ही लगना चाहिए
अर्द्ध विराम बेहतर है पूर्ण विराम से तो पूर्ण विराम तो जीवन खत्म होने पर ही लगना चाहिए जीवन के सफर के दौरान बीच बीच...
अर्द्ध विराम बेहतर है पूर्ण विराम से तो पूर्ण विराम तो जीवन खत्म होने पर ही लगना चाहिए जीवन के सफर के दौरान बीच बीच...
सुबह जो सोकर अपने बिस्तर से उठी तो मेरे सिरहाने रखी मोमबत्ती जो मैंने एक प्लेट पर चिपका कर अपने समीप ही रखी एक मेज...
एक माला में जब तक मोती न पिरोए जायें तो वह माला नहीं बनती एक कैनवास में रंग न भरे जायें तो वह एक पेंटिंग...
दिन को सही प्रकार से व्यतीत करके रात को एक चैन भरी नींद सो जायें अगली सुबह या हर सुबह जब भी उठें तो एक...
तुम बिन यह जीवन एक कोरे कागज सा रंगहीन और बेजान सा तुम बिन सब शून्य सब नीरस तुम बिन कहीं कोई रंग नहीं कहीं...
दिल उदास रहता है अक्सर लेकिन मेरे उदास रहने का कारण मुझसे पूछता कौन है किसे है फिक्र कि मेरे बारे में थोड़ा भी जाने...
खालीपन होता क्या है मन को एकाएक यह अहसास होना कि मेरा मूल्य शून्य है मेरा महत्व कुछ भी नहीं है मैं इस संसार में...
आज के युग में आज के समय में आज की तारीख में बुद्ध तो हर किसी को होना चाहिए बुद्ध बनने के लिए यह आवश्यक...
कितना भी किसी से प्रेम कर लो एक दिन पर जब वह हमें छोड़ देता है तो हमें भी उसे न चाहते हुए भी एक...
जो कुछ भी किसी मनुष्य के जीवन में घटित होता है उसे अपने भीतर वह किस तरह से समायोजित करता है यह सब मन की...
अब तक जो मुझे जिन्दगी मिली है जैसी भी मिली है किसी की बदौलत ही मिली है मेरी जो सांसें चल रही हैं मेरे जीवन...
दिल में सवाल तो उठते ही रहते हैं यह सिलसिला तो एक लम्बे अरसे से चला आ रहा है और चलता रहेगा लेकिन सवाल तो...