सायों के घेरे में


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मेरे और तुम्हारे रिश्ते की

यह हमारे चारों ओर

एक भंवर सी बनती परछाइयां

काश ऐसे ही

उम्र भर बनती रहें

मेरे और तुम्हारे प्यार की

महफिलें यूं ही ताउम्र

एक महकते हुए फूलों के गुलशन सी 

दिल की हमारी बगिया में

सजती रहें

मैं तुम्हें और

तुम मुझे

हर पल

एक सुगंधित चंदन बन से

पाते रहें

एक दूसरे के आगोश में 

हम समाते रहें 

एक दूसरे से प्रेम की गहराइयों तो 

कभी उसकी ऊंचाइयों को हम पाते रहें

एक दूसरे के साथ सायों के घेरे में ही सफर करते रहें

एक दूसरे को सच्ची मोहब्बत का एक स्थाई अहसास

हम आजीवन प्रदान करते रहें।


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