लोगों को अक्सर
यह कहते सुना है कि
वर्तमान में जीना सीखो
न पिछला
न अगला
ऐसा कुछ सोचो
मुझे तो यह बात सच प्रतीत
नहीं होती
कुछ लोगों के लिए
उनका अतीत ही उनके
जीने का एकमात्र आधार होता है
एक बीज जो बोया था
बरसों पहले
बना जब वह वृक्ष तो
उसे काट नहीं देते
उसकी छाया में ही बैठते हैं
ऐसे ही होते हैं
अतीत के पल
भूली बिसरी यादें
अतीत के वृक्ष की छाया
वर्तमान की कड़ी धूप में
यह अतीत के वृक्ष की छाया जैसे जरिये बड़ी राहत देते हैं।
0 Comments